भीड़ में भी तन्हा रहना सीख लिया,अब किसी की कमी चुभती नहीं।जो छोड़ गए थे कभी,अब उनकी याद भी रुलाती नहीं। भीड़ में भी तन्हा रहना सीख लिया,अब किसी की कमी चुभती नहीं।जो छोड़ गए थे कभी,अब उनकी याद भी रुलाती नहीं। #2026 Shayari #Hindi Shayari #Lonely #Lonely Shayari #Sad #Sad Shayari Like Copy Share