Posts

हार्ट टचिंग लाइन

क्यूँ नहीं महसूस होती... क्यूँ नहीं महसूस होती उसे मेरी तकलीफ,  जो कहते थे बहुत अच्छे से जानते हैं तुझे।
जीत किसके लिए... जीत किसके लिए हार किसके लिए,  ज़िंदगी भर ये तकरार किसके लिए,  जो भी आया है वो जायेगा एक दिन,  फिर ये इतना अहंकार किसके लिए।
किस्मत की लकीरों में... किस्मत की लकीरों में नहीं था नाम उसका शायद,  जबकि उनसे मुलाकात तो हर रोज़ होती थी।
किसी ने हमे दिल से... काश किसी ने हमे दिल से पहचाना होता।  थोड़े से ख़ुशी के लिए हमने ग़मों से दोस्ती करना सीख लिया।
कहाँ किसी के लिए... कहाँ किसी के लिए है मुमकिन,  सब के लिए एक सा होना।  थोड़ा सा दिल मेरा बुरा है,  थोड़ा भला है सीने में।

जुदाई शायरी

जुदाई के मोड़ पर... यह हम ही जानते हैं जुदाई के मोड़ पर,  इस दिल का जो भी हाल तुझे देख कर हुआ।
जुदाई का मलाल... जब तक मिले न थे जुदाई का था मलाल,  अब ये मलाल है कि तमन्ना निकल गई।
तो जुदाई भी नहीं... अब अगर मेल नहीं है तो जुदाई भी नहीं,  बात तोड़ी भी नहीं तुमने तो बनाई भी नहीं।
मार डालेगी जुदाई... हमें ये मोहब्बत किस मोड़ पे ले आई,  दिल में दर्द है और ज़माने में रुसवाई,  कटता है हर एक पल सौ बरस के बराबर,  अब मार ही डालेगी मुझे तेरी जुदाई।
दिल से जुदा होना... इतना बेताब न हो मुझसे बिछड़ने के लिए,  तुझे आँखों से नहीं मेरे दिल से जुदा होना है।

दर्द शायरी

छीन ली हमारी मोहब्बत... खामोश फ़िज़ा थी कोई साया न था,  इस शहर में मुझसा कोई आया न था,  किसी ज़ुल्म ने छीन ली हम से हमारी मोहब्बत,  हमने तो किसी का दिल दुखाया न था।
हर दर्द का हिसाब... अगर मैं लिखूं तो पूरी किताब लिख दूँ,  तेरे दिए हर दर्द का हिसाब लिख दूँ,  डरती हूँ कहीं तू बदनाम ना हो जाए, 
वरना तेरे हर दर्द की कहानी मेरा हर ख्वाब लिख दूँ।  दर्दे दिल की चुभन... काश उनको पता होता मेरे दर्दे दिल की चुभन,  तो वो हमको बार-बार न सताया करते,  जिस बात से हम उनसे रोज खफा होते हैं  तो वो बात हमसे न बताया करते,  ये बात भी ऐसी है जोकि कोई बात नहीं,  किसी गैर का नाम लेकर हमको न तड़पाया करतेl
जख्म की फ़िक्र... टूटे हुए सपने को सजाना आता है,  रूठे हुए दिल को मनाना आता है,  उसे कह दो हमारे जख्म की फ़िक्र न करे,  हमें दर्द में भी मुस्कुराना आता है।
वो हमारे दर्द की... जो एक ज़रा सी बात पर रूठ गए हमसे,  वो हमारे दर्द की दास्तान क्या सुनते।

नफरत शायरी

गुजरे है इस मुकाम... गुजरे हैं इश्क़ में हम इस मुकाम से  नफरत सी हो गई है मोहब्बत के नाम से  हम वह नहीं जो मोहब्बत में रो कर के  जिंदगी को गुजार दे...  अगर परछाई भी तेरी नजर आ जाए  तो उसे भी ठोकर मार दें। 
तेरी नफरतों को प्यार... तेरी नफरतों को प्यार की खुशबु बना देता,  मेरे बस में अगर होता तुझे उर्दू सीखा देता।
नफरत वालों का प्यार... नफरत करने वाले भी गज़ब का प्यार करते हैं मुझसे,  जब भी मिलते है कहते हैं कि तुझे छोड़ेंगे नहीं ।
नफरत बता रही है... देख कर उसको तेरा यूँ पलट जाना  नफरत बता रही है...  तूने मोहब्बत गज़ब की की थी।
मुझे तेरी थी आरज़ू... वो वक़्त गुजर गया... जब मुझे तेरी आरज़ू थी,  अब तू खुदा भी बन जाए तो मैं सज़दा न करूँ।

दोस्ती शायरी

Image
दोस्ती बड़ा रिश्ता नहीं... प्यार का रिश्ता इतना गहरा नहीं होता,  दोस्ती के रिश्ते से बड़ा कोई रिश्ता नहीं होता,  कहा था इस दोस्ती को प्यार में न बदलो,  क्यूंकि प्यार में धोखे के सिवा कुछ नहीं होता
बेहिसाब दोस्ती... मेरी दोस्ती का हिसाब जो लगाओगे
तो मेरी दोस्ती को बेहिसाब पाओगे,
पानी के बुलबुलों की तरह है हमारी दोस्ती,
अगर जरा सी ठेस पहुँची तो ढूंढ़ते रह जाओगे किसी ख़ास से मुलाकात... खुदा से एक फरियाद वाकी है,
प्यार जिन्दा है क्यूंकि एक याद वाकी है,
मौत आये तो कह देंगे लौट जाए,
क्यूंकि...
अभी किसी ख़ास से मुलाकात वाकी है। बहुत से यार मिलेंगे... जिंदगी की राहों में बहुत से यार मिलेंगे,
हम क्या हम से भी अच्छे हजार मिलेंगे,
इन अच्छों की भीड़ में हमें न भूल जाना,
हम कहाँ आपको बार बार मिलेंगे। होठों पे सदा मुस्कान... नन्हे से दिल में अरमान कोई रखना,
दुनिया की भीड़ में पहचान कोई रखना,
अच्छे नहीं लगते जब तुम रहते हो उदास,
अपने होठों पे सदा मुस्कान कोई रखना।

बेवफा शायरी

Image
धोखा न दिया हमने... किरदार की अज़मत को गिरने न दिया हमने,  धोखे तो बहुत खाए ले
किन धोखा न दिया हमने।
बेवफा नहीं कहता... वो कहता है... कि मजबूरियां हैं बहुत...  साफ लफ़्ज़ों में खुद को बेवफा नहीं कहता।



बेवफा नहीं कहता... वो कहता है... कि मजबूरियां हैं बहुत...  साफ लफ़्ज़ों में खुद को बेवफा नहीं कहता।
बेवफाई ऐसे कर... तेरे इश्क़ ने दिया सुकून इतना,  कि तेरे बाद कोई अच्छा न लगे,  तुझे करनी है बेवफाई तो इस अदा से कर,  कि तेरे बाद कोई बेवफ़ा न लगे।
बेवफाई का इल्ज़ाम... हमने चाहा था जिसे उसे दिल से भुलाया न गया,  जख्म अपने दिल का लोगों से छुपाया न गया,  बेवफाई के बाद भी प्यार करता है दिल उनसे,  कि बेवफाई का इल्ज़ाम भी उस पर लगाया न गया।

दिल शायरी

Image
दिल टूटने से... दिल टूटने से थोड़ी सी तकलीफ़ तो हुई,  लेकिन तमाम उम्र को आरम हो गया।


सो जा ऐ दिल... सो जा ऐ दिल आज धुंध बहुत है... तेरे शहर में  अपने दिखते नहीं और जो दिखते है वो अपने नहीं।
पुकार के लाया... चल न उठके वहीं चुपके चुपके तू ऐ दिल,  अभी उसकी गली से पुकार के लाया हूँ।
दिल सफर में है... तमाम लोगों को अपनी अपनी मंजिल मिल चुकी,  कमबख्त हमारा दिल है, कि अब भी सफर में है।
दिल खो चुके... दिलबर की दिल-लगी में  दिल अपना खो चुके हैं,  कल तक तो खुद के थे  आज आप के हो चुके हैं।
दिल की हक़ीक़त... ना पूछ दिल की हक़ीक़त मगर ये कहता है,  कि वो बेक़रार रहे जिसने बेक़रार किया।